धामी खुद देखें सामान्य प्रशासन, गृह, स्टाफ, प्रशिक्षण सूचना एवं राष्ट्रीय विभाग
अब तक 35 से ज्यादा जोड़ों का काम देख रहे थे धामी
अपने कई विभागों में मुख्यमंत्री ने सहयोगी इंजीनियरों को नियुक्त किया
दवा। मुख्यमंत्री ने घोषणापत्र विस्तार के बाद रविवार को संगम के बीच में एकता का बहुप्रतीक्षित बंटवारा भी कर दिया है। हाल ही में पांचवे नए इंजीनियर के शपथ के बाद दिए गए इस ग्रहण में मुख्यमंत्री ने कई महत्वपूर्ण और शैक्षणिक शैक्षणिक विभाग अपने पास ही रखे हैं। अब तक मुख्यमंत्री के पास 35 से भी ज्यादा दिनों का दायित्व था।
जारी सूची के अनुसार मुख्यमंत्री सामान्य प्रशासन, गृह, स्टाफ, उपकरण, उपकरण प्रशिक्षण और सूचना एवं रोजगार जैसे प्रमुख विभाग स्वयं देखें। इन प्रशासन को प्रशासन संचालन के पहलुओं के रूप में माना जाता है, जहां माध्यम से पृथक्करण और कानून-व्यवस्था पर सीधा नियंत्रण किया जाता है।
इसके अलावा, अन्य टुकड़ों के टुकड़े-टुकड़े वारा उपकरणों के बीच उन्हें अपने-अपने दायित्व सौंपे गए हैं, ताकि श्रमिकों के सहायक उपकरण सुनिश्चित हो सकें। इस नए उद्यम से रोजगार में बेहतर सहयोग स्थापित किया जाएगा और विकास मंजूरी को तेजी से बढ़ावा दिया जाएगा।
हाल ही में मुख्यमंत्री ने मंत्रिमंडल का विस्तार करते हुए विधायक खजान दास, मदन कौशिक, भरत सिंह चौधरी, प्रदीप बत्रा और राम सिंह कैबिनेट को मंत्री पद की जिम्मेदारी सौंपी है। असल में, पांचवें पद से लंबे समय से रिक्त चल रहे थे, जिसमें तीन पद पहले से खाली थे, एक पद पूर्व मंत्री चंदन राम दास के निधन के बाद रिक्त हुआ था, जबकि एक पद प्रेम चंद अग्रवाल के पद से रिक्त हुए थे। इन पोलैंड में संबंधित संबद्धता का दायित्व भी मुख्यमंत्री के पास था।
राजनीतिक और औद्योगिक दृष्टि से यह संतुलन साधने की कोशिश के रूप में देखी जा रही है। क्षेत्रीय और सामाजिक संतुलन के साथ-साथ यूनिवर्सल स्कूलों पर ध्यान देने की आवश्यकता है। राजनीतिक सिद्धांतों का मानना है कि मुख्यमंत्री द्वारा मुख्य प्रशासनिक विभाग को अपने पास रखना एक आदर्श कदम है, जिससे शासन के मुख्य कमान पर उनका नियंत्रण बना रहता है, जबकि अन्य विभागों को पुनर्गठन कार्यकर्त्ता का प्रभावी वितरण सुनिश्चित किया जाता है।
कुल मिलाकर, यह क्रांतिकारी बंटवारा सरकार की कार्यशैली को अधिक समन्वित, उत्तरदेह और उत्तरमुख बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।



