समेश्वर देवता मेले में गूंजे ढोल-दमाऊं, ब्लॉक प्रमुख राजदीप परमार ने लगाया राशो तांदी का रंग
उत्तरकाशी । टकनौर क्षेत्र इन दिनों पारंपरिक श्री समेश्वर देवता मेले की रंगत में सराबोर है। शुक्रवार को ग्राम सभा पाही में आयोजित श्री समेश्वर देवता मेले में डुण्डा ब्लॉक प्रमुख राजदीप सिंह परमार ने पहुंचकर भगवान समेश्वर देवता के दर्शन कर क्षेत्र की सुख-समृद्धि, शांति और खुशहाली की कामना की।
मेले के दौरान मंदिर परिसर में ढोल-दमाऊं की थाप और पारंपरिक वाद्ययंत्रों की गूंज के बीच ब्लॉक प्रमुख राजदीप सिंह परमार ने ग्रामीणों के साथ पारंपरिक राशो तांदी नृत्य में भाग लिया। उनके नृत्य में शामिल होने से मेले का उत्साह और उल्लास दोगुना हो गया तथा ग्रामीणों ने भी पूरे उत्साह के साथ सांस्कृतिक आयोजन का आनंद लिया।
इस अवसर पर ब्लॉक प्रमुख ने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड के पारंपरिक मेले हमारी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, लोक आस्था और सामाजिक एकता के सशक्त प्रतीक हैं। ऐसे आयोजन हमारी लोक संस्कृति, परंपराओं और रीति-रिवाजों को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं तथा समाज में भाईचारे और सौहार्द की भावना को मजबूत करते हैं।
उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की लोक परंपराओं और देव संस्कृति का संरक्षण एवं संवर्धन हम सभी का सामूहिक दायित्व है। यही हमारी पहचान और गौरव हैं, जिन्हें आने वाली पीढ़ियों के लिए सहेजकर रखना आवश्यक है।
मेले में बड़ी संख्या में ग्रामीणों, श्रद्धालुओं और क्षेत्रवासियों की उपस्थिति रही, जिससे पूरे क्षेत्र में उत्सव जैसा माहौल बना रहा।



